सूबे के मुखिया सीएम योगी का फरमान कोंच नगर में बेअसर

धनुतालाब पर पटाखों की दुकानें लगने से नगर व मुहल्‍लेवासी भयभीत

 

  • पिछले साल हुआ था बड़ा हादसा
  • अधिकारियों की सरपरस्ती में फिर लगी दुकाने

 

कोंच | प्रशासन द्वारा कोंच में धनुतालाब पर पटाखों की दुकानों की परमीशन दिये जाने के बाद इलाकाई लोग भयभीत है और वह अपने को असुरक्षित को महसूस कर रहे हैं। इलाके के लोगों के मुताबिक यहॉ पर पिछले वर्ष दीपावली के दिन जब इन पटाखों की दुकान में आग लगी थी तो उनके घरों तक में आग लग गयी थी और उनका कच्‍चा घर भी जल गया था।

 

 

यहॉ की एक महिला कैलाशरानी ने बताया कि पिछले वर्ष यहॉ जो पटाखा की दुकानें लगायी गयी थी उसमें उसका सब कुछ जल गया था। उसने बताया कि वह इतनी गरीब है कि वह आग में जली अपनी रजाई तक को अभी तक नहीं भरवा पायी है। यहॉ के इलाकाई लोगों ने अपना विरोध प्रकट करते हुये कहा कि उनके काफी कहे जाने पर भी यहॉ पर फिर से प्रशासन ने दुकानें लगवा दी है और उनकी कोई सुनने वाला नहीं है।

 

दीपावली पर इस बार 23 साल बाद विशेष संयोग

 

 

उनके मुताबिक यहॉ पर जब अधिकारी आये तो उन्‍होनें साफ साफ कह दिया था कि यहॉ पर दुकानें नहीं लगवायी जायें, वह पिछले वर्ष हुये इस भयानक हादसे से अभी उबर भी नहीं पाये हैं, उन्‍होनें कहा कि थोडी दूर पर ही यहॉ नहर है प्रशासन वहॉ भी यह दुकानें लगवा सकता था। मुहल्‍लेवासियों ने कहा कि वह इस प्रकरण की शिकायत उच्‍चाधिकारियों को करेगें। हम आपको बताते चलें कि पिछले वर्ष जब यहॉ यह हादसा हुआ था तब कई मोटर साईकिलें जलकर राख हो गयी थीं और यहॉ पर कई लोगों के घरों में आग लग गयी थी तथा पशु भी जलकर मर गये थे।

 

 

यहॉ पर धनुतालाब के एक ओर काफी मात्रा में आबादी है, वहॉ के लोगों ने बडी मेहनत करके आग पर काबू पाया था। जब यह हादसा हुआ तो मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने साफ साफ कहा था कि अगली बार यहॉ पर दुकानें लगेगीं ही नहीं और अभी कुछ दिनों पहले तक वर्तमान प्रशासन भी इन दुकानों को किसी भी कीमत पर धनुतालाब पर लगाये जाने के मूड में नहीं था लेकिन पता नहीं क्‍या कारण रहे कि इतनी शिकायतों व अडचनों के बाद भी प्रशासन ने उन्‍हें आखिरकार फिर धनुतालाब पर ही दुकानें लगाने की परमीशन दे दी। अब इलाकाई लोग कल मंगलवार को यहॉ पर दुकानें हटवाने को लेकर उच्‍चाधिकारियों के पास जाने की बात कह रहे हैं।

 

रिपोर्ट*-विवेक द्विवेदी जालौन