समाज के कमजोर वर्ग को मुख्य धारा से जोड़ना पंचायत का कर्तव्य- पंच संदीप सरावगी
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समाज के कमजोर वर्ग को मुख्य धारा से जोड़ना पंचायत का कर्तव्य- पंच संदीप सरावगी

झाँसी। जनपद में गहोई वैश्य समाज की प्रतिष्ठित पंचायत श्री गहोई वैश्य पंचायत के तत्वाधान में 27वां सामूहिक विवाह महायज्ञ का आयोजन ग्वालियर रोड स्थित गहोई समाज के सभागार “सांस्कृतिक सेवा सदन” में आयोजित किया गया। वसंत पंचमी के पावन पर्व पर आयोजित इस सामूहिक विवाह महायज्ञ में गहोई वैश्य समाज के 14 जोड़ों ने सात फेरे लेकर एक दूसरे का आजीवन साथ निभाने की कसमें खायीं। इस सामूहिक विवाह कार्यक्रम में विधवा, विधुर, परित्यक्त युवक-युवतियों को भी शामिल किया गया। इस आयोजन में दोनों पक्षों के लिए आवास, मंडप, भोजन एवं विवाह सामग्री आदि की व्यवस्थाएं निशुल्क रूप से प्रदान की गयीं। समाज के पंच डॉ० संदीप सरावगी द्वारा सभी दूल्हों का तिलक कर सामूहिक बारात को हरी झंडी दिखाई गई। आयोजन स्थल पर कार्यक्रम का प्रारंभ अतिथि के रूप में उपस्थित सदर विधायक रवि शर्मा, झांसी ललितपुर सांसद की भार्या पूनम शर्मा, पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन आदित्य एवं अर्चना गुप्ता द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ हुआ तत्पश्चात मंच पर सभी 14 जोड़ों ने मंत्रोच्चारण के साथ एक दूसरे को वरमाला पहनाकर दांपत्य जीवन में प्रवेश किया, कार्यक्रम में उपस्थित समाज के सैकड़ों लोग इस महायज्ञ के साक्षी बने। सामूहिक विवाह कार्यक्रम में श्री गहोई वैश्य पंचायत के अध्यक्ष एवं समस्त पंच उपस्थित रहे। कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए जनपद के प्रतिष्ठित समाजसेवी एवं श्री गहोई वैश्य पंचायत के पंच डॉ० संदीप सरावगी ने कहा हमारी पंचायत गहोई समाज की देशभर में सबसे बड़ी पंचायत है जो लगातार समाज हित का कार्य करती आ रही है। गहोई समाज के कमजोर वर्ग के लिए भी पंचायत दृढ़संकल्पित है और समय-समय पर सामूहिक विवाह जैसे कार्यक्रमों का आयोजन करती है जिससे समाज के युवक युवतियां परिचय प्राप्त कर विवाह जैसे सामाजिक बंधन में प्रवेश कर सकें। विवाह एक पवित्र बंधन है वर्तमान में पारिवारिक रिश्ते खराब होने का मुख्य कारण संयुक्त परिवारों का ना होना है। संयुक्त परिवार में सभी लोग मिलकर सारे कार्य सुगमता से संपन्न कर लेते थे, सुख-दुख में एक दूसरे के लिए तत्पर रहते थे। वहीं एकल परिवार में व्यक्ति अकेला रह जाता है दैनिक दिनचर्या का सारा बोझ स्वयं वहन करना होता है इसी कारण लोग डिप्रेशन का शिकार हो रहे हैं। साथ ही उन्होंने घर में मंदिर निर्माण पर भी जोर देते हुए कहा हमें अपने आराध्य और महापुरुषों के प्रतिदिन दर्शन करना चाहिए जिससे उनके पदचिन्हों पर चलने की प्रेरणा मिलती है एवं हमारी संतानें भी संस्कारित होती हैं। वहीं पंचायत के अन्य पंच नितिन सरावगी ने कहा समाज का उत्तरदायित्व उस समाज के अध्यक्ष और पंचों पर होता है इसीलिए जो भी इस पद पर आसीन होता है उसे पूरी कर्तव्यनिष्ठा के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करना चाहिये। आज इस सामूहिक विवाह कार्यक्रम में जिन वर वधुओं ने नये दाम्पत्य जीवन में प्रवेश किया है मैं सभी की ओर से उन्हें उज्जवल भविष्य की शुभकामनायें देता हूँ। कार्यक्रम को सफल बनाने में श्री गहोई वैश्य पंचायत के अध्यक्ष राम प्रकाश नाछौला एवं सदस्य ओम प्रकाश विस्वारी (बीड़ी वाले), विशाल मातेले, प्रकाश गुप्ता, नरेश गुप्ता, नितिन सरावगी, कुंज बिहारी सावला, प्रदीप नगरिया, अशोक वरसैंया, अमित सेठ, कमलेश सेठ, बृजेश बड़ौनिया, रमेश चन्द्र सेठ, हरिओम सेठ, राजेन्द्र नगरिया, राधेश्याम नीखरा, केदार नाथ पहारिया, ओम प्रकाश खांगट, राजेन्द्र कुमार गेड़ा, संजय डेंगरे, उमेश गुप्ता, अरूण कुमार सेठ, संजीव सोनी, अनिल पटवारी का विशेष योगदान रहा। मंच का संचालन समाज के पंच नितिन सरावगी (भईया जी) द्वारा किया गया। इस अवसर पर रूपेश कुदरया (कलर्स ब्यूटी पार्लर), मनोज रेजा, महेश सेठ (मामा), श्यामाकृष्ण नीखरा, डॉ० अभिषेक सेठ, विजय पहारिया, सुशांत गेड़ा, बसंत गुप्ता सहित समाज के सैकड़ों लोग उपस्थित रहे।

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