शिक्षा माफिया और शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से छात्रों और अभिभावको के साथ खिलबाड़
1 min read

शिक्षा माफिया और शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से छात्रों और अभिभावको के साथ खिलबाड़

रिपोर्ट-शौकीन खान/कौशल किशोर गुरसरांय

गुरसरांय (झाँसी)।शिक्षा माफिया तरह-तरह की शिक्षा के नाम पर सुविधायों के बच्चों के अभिभावकों को सब्जबाग दिखाकर खुल्लंम खुल्ला जहाँ लूटने में जुटे हैं वही दूसरी ओर बच्चों की जिंदगी और उनकी सुरक्षा की परवाह किये बिना विवाहघर के ऊपर दूसरी मंजिल पर कम जगह में और छत से सटे हुए लगे विद्युत के खम्बे से निकली ग्यारह हजार की लाइन जो किसी हादसे को खुला न्यौता दे रही है। और गुरसरांय के जागेश्वर धाम विवाह घर की दूसरी मंजिल पर संचालित स्व. प्रभुदयाल वैश्य पब्लिक स्कूल गुरसरांय के संचालक शासन के मापक विरुद्ध दो मंजिला मकान पर यह स्कूल केजी से 8 तक चला रहे है जबकि जानकारी हुई है कि इस स्कूल हाईस्कूल तक के बच्चे शिक्षा गृहण करते हैं। और दूसरे विधालयों के नाम से उन्हे परीक्षा में बैठाया जाता है। शिक्षा माफिया की अवैध धन कमाई का आलम यह है कि जो विभिन्न मदो के नाम पर बच्चों से एडमिशन से लेकर शिक्षण कार्य का शुल्क वसूला जाता हैं। उसमें आन रिकॉर्ड स्कूल में कंप्यूटर व्यवस्था होने के बाद भी कोई रिकॉर्ड नही रखा जाता है। ताकि शासन द्वारा गाइड लाइन अनुसार कभी कोई कार्यवाही होती हैं तो उससे बचा जा सके। इस प्रकार गुरसरांय में दर्जनों स्कूल संचालित शिक्षा माफियाओं द्वारा किये जा रहे है। लेकिन खण्ड शिक्षा अधिकारी गुरसरांय से लेकर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी झाँसी को पूरी जानकारी होने के बाद भी कही न कही अबैध रूप से सुविधा शुल्क लेकर शिक्षा माफियाओं को खुला संरक्षण देकर अभिभावकों की जेब पर डाका डाला जा रहा है। और नौनिहालों के भविष्य से लेकर उनकी जिंदगी के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है बताते चले की खण्ड शिक्षा अधिकारी गुरसरांय अपने तेनाती स्थल पर न रहकर जिला मुख्यालय रहते है। और शासन से मोटी पगार सुविधायों को लेने के बाद भी अपनी ऊंची पकड़ के चलते शासन की छवि धूमिल कर रहे है। इस संबंध में कस्बे के जागरूक लोगों ने जिला प्रशासन और शासन से कार्यवाही की मांग की है।

One thought on “शिक्षा माफिया और शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से छात्रों और अभिभावको के साथ खिलबाड़

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *